NEET UG 2026 Re-Exam: कड़ी सुरक्षा के बीच हुई पुनर्परीक्षा, देर से पहुंचे कई छात्रों को नहीं मिली एंट्री
NEET UG 2026 Re-Exam: भारी सुरक्षा के बीच हुई पुनर्परीक्षा, कई छात्र देरी के कारण परीक्षा से वंचित
NEET UG 2026 Re-Exam शनिवार को देशभर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच आयोजित किया गया। पेपर लीक विवाद के बाद राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) द्वारा आयोजित इस पुनर्परीक्षा में लाखों अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया। मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए आयोजित यह परीक्षा छात्रों के भविष्य से जुड़ी सबसे महत्वपूर्ण परीक्षाओं में से एक मानी जाती है।
परीक्षा को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए एनटीए ने इस बार विशेष सुरक्षा इंतजाम किए थे। देशभर के परीक्षा केंद्रों पर पुलिस बल, पैरामिलिट्री जवान, बायोमेट्रिक सत्यापन और एआई आधारित निगरानी कैमरों की व्यवस्था की गई थी। अधिकारियों के अनुसार किसी भी प्रकार की गड़बड़ी रोकने के लिए हर स्तर पर सख्त निगरानी रखी गई।
परीक्षा दोपहर 2 बजे शुरू हुई थी, लेकिन अभ्यर्थियों को निर्धारित समय से काफी पहले परीक्षा केंद्र पहुंचने के निर्देश दिए गए थे। एनटीए ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि दोपहर 1:30 बजे के बाद किसी भी छात्र को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। इसी नियम के चलते कई केंद्रों पर समय पूरा होते ही मुख्य द्वार बंद कर दिए गए।
इस दौरान कई छात्र ऐसे भी रहे जो कुछ मिनट की देरी से परीक्षा केंद्र पहुंचे। निर्धारित समय निकल जाने के कारण उन्हें प्रवेश नहीं मिला और वे परीक्षा में शामिल होने से वंचित रह गए। कई जगहों पर अभिभावकों ने इस पर नाराजगी जताई और अधिकारियों से छात्रों को प्रवेश देने की मांग की, लेकिन सुरक्षा नियमों के कारण किसी को भी निर्धारित समय के बाद अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई।
इस बार परीक्षा प्रक्रिया में कुछ बदलाव भी किए गए थे। छात्रों को प्रश्नपत्र हल करने के लिए 15 मिनट का अतिरिक्त समय दिया गया। इसके अलावा रफ वर्क के लिए अतिरिक्त पन्नों की व्यवस्था की गई, ताकि अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। दिव्यांग छात्रों को भी नियमों के अनुसार अतिरिक्त समय और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं।
एनटीए ने परीक्षा से पहले और परीक्षा के दौरान सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों को लेकर भी चेतावनी जारी की थी। एजेंसी ने छात्रों और अभिभावकों से अपील की कि वे किसी भी अपुष्ट जानकारी या पेपर लीक संबंधी अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें।
पिछले दिनों पेपर लीक विवाद के कारण NEET UG 2026 चर्चा में रहा था। इसी वजह से इस बार परीक्षा की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरती गई। केंद्रों पर उम्मीदवारों की पहचान सत्यापित करने के लिए बायोमेट्रिक जांच की गई और पूरे परीक्षा परिसर की निगरानी आधुनिक तकनीक से की गई।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इतनी सख्त निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था का उद्देश्य परीक्षा की विश्वसनीयता को बनाए रखना और छात्रों के बीच भरोसा कायम करना है। अब परीक्षा संपन्न होने के बाद छात्रों की नजर परिणाम और आगे की काउंसलिंग प्रक्रिया पर टिकी हुई है।
पिछले दिनों पेपर लीक विवाद के कारण NEET UG 2026 चर्चा में रहा था। इसी वजह से इस बार परीक्षा की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरती गई। केंद्रों पर उम्मीदवारों की पहचान सत्यापित करने के लिए बायोमेट्रिक जांच की गई और पूरे परीक्षा परिसर की निगरानी आधुनिक तकनीक से की गई।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इतनी सख्त निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था का उद्देश्य परीक्षा की विश्वसनीयता को बनाए रखना और छात्रों के बीच भरोसा कायम करना है। अब परीक्षा सं
परीक्षा को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए एनटीए ने इस बार विशेष सुरक्षा इंतजाम किए थे। देशभर के परीक्षा केंद्रों पर पुलिस बल, पैरामिलिट्री जवान, बायोमेट्रिक सत्यापन और एआई आधारित निगरानी कैमरों की व्यवस्था की गई थी। अधिकारियों के अनुसार किसी भी प्रकार की गड़बड़ी रोकने के लिए हर स्तर पर सख्त निगरानी रखी गई।पन्न होने के बाद छात्रों की नजर परिणाम और आगे की काउंसलिंग प्रक्रिया पर टिकी हुई है।

