न्यूजीलैंड PM ने की भारत की तारीफ, बोले- कभी सिक्कों में मिलती थी मजदूरों की सैलरी, आज वैश्विक ताकत
PM Modi New Zealand Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की न्यूजीलैंड यात्रा के दौरान आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन ने भारत की आर्थिक प्रगति और वैश्विक भूमिका की खुलकर सराहना की। उन्होंने 1990 के दशक की अपनी पहली भारत यात्रा को याद करते हुए कहा कि उस समय का भारत और आज का भारत पूरी तरह अलग तस्वीर पेश करता है। उनके अनुसार बीते तीन दशकों में भारत ने विकास, अर्थव्यवस्था और वैश्विक प्रभाव के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है।
PM Modi New Zealand Visit के दौरान ऑकलैंड में आयोजित कार्यक्रम में लक्सन ने कहा कि जब वह पहली बार 1990 के दशक में भारत आए थे, तब देश की आर्थिक स्थिति आज जैसी नहीं थी। उन्होंने याद किया कि उस समय कई मजदूरों को वेतन सिक्कों में दिया जाता था और गरीबी का स्तर काफी अधिक था। लेकिन आज भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है और वैश्विक मंच पर उसकी भूमिका लगातार मजबूत हुई है।
क्रिस्टोफर लक्सन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की भी सराहना करते हुए कहा कि पिछले कुछ वर्षों में भारत ने करोड़ों लोगों के जीवन स्तर में सुधार किया है। उन्होंने कहा कि लगभग 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर आए हैं, जबकि 44 करोड़ से अधिक लोग मध्यम वर्ग का हिस्सा बने हैं। उनके अनुसार यह परिवर्तन केवल आर्थिक आंकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि भारत के सामाजिक और विकास मॉडल की भी बड़ी उपलब्धि है।
कार्यक्रम के दौरान दोनों नेताओं ने भारत और न्यूजीलैंड के बीच व्यापार, निवेश और रणनीतिक सहयोग को और मजबूत बनाने पर जोर दिया। दोनों देशों ने रक्षा, शिक्षा, कृषि, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, नवाचार, डिजिटल अर्थव्यवस्था और लोगों के बीच आपसी संबंधों को नई ऊंचाई देने पर सहमति जताई। माना जा रहा है कि इन क्षेत्रों में बढ़ता सहयोग आने वाले वर्षों में दोनों देशों की अर्थव्यवस्थाओं को नई गति देगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत आज केवल एक बड़ा बाजार नहीं, बल्कि वैश्विक निवेश और नवाचार का मजबूत केंद्र बन चुका है। उन्होंने दुनिया भर की कंपनियों को भारत में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि देश में तेजी से विकसित हो रहे बुनियादी ढांचे, डिजिटल अर्थव्यवस्था और विनिर्माण क्षेत्र ने निवेशकों के लिए नई संभावनाएं पैदा की हैं।
बैठक के दौरान दोनों देशों के बीच व्यापारिक सहयोग बढ़ाने, निवेश को प्रोत्साहन देने और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने पर भी विस्तार से चर्चा हुई। नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि बदलते वैश्विक परिदृश्य में भारत और न्यूजीलैंड के बीच सहयोग दोनों देशों के हित में महत्वपूर्ण साबित होगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने न्यूजीलैंड सरकार और वहां के लोगों द्वारा मिले गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भारत और न्यूजीलैंड के संबंध साझा लोकतांत्रिक मूल्यों, विश्वास और आपसी सम्मान पर आधारित हैं। आने वाले समय में यह साझेदारी व्यापार, शिक्षा, पर्यटन और तकनीकी सहयोग के क्षेत्र में नए अवसर पैदा करेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच बढ़ता आर्थिक सहयोग दोनों देशों के लिए दीर्घकालिक लाभ लेकर आ सकता है। कृषि, डेयरी, हरित ऊर्जा, शिक्षा, डिजिटल टेक्नोलॉजी और स्टार्टअप जैसे क्षेत्रों में साझेदारी से नए निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ने की संभावना है। साथ ही दोनों देशों के बीच मजबूत रणनीतिक संबंध इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में स्थिरता और आर्थिक विकास को भी नई दिशा दे सकते हैं।
क्रिस्टोफर लक्सन का यह बयान भारत की बदलती वैश्विक छवि और आर्थिक प्रगति को रेखांकित करता है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जिस भारत को उन्होंने 1990 के दशक में देखा था, वह आज पूरी तरह बदल चुका है। वर्तमान भारत न केवल तेज आर्थिक विकास कर रहा है, बल्कि दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं और वैश्विक निर्णयों में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। यही कारण है कि भारत और न्यूजीलैंड दोनों आने वाले वर्षों में अपने संबंधों को और अधिक मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध दिखाई दे रहे हैं।

