Alpha Review: दमदार एक्शन के बावजूद कहानी पड़ी कमजोर, जानें कैसी है आलिया भट्ट की स्पाई थ्रिलर
Alpha Review: यशराज फिल्म्स की बहुप्रतीक्षित स्पाई यूनिवर्स फिल्म ‘अल्फा’ आखिरकार 3 जुलाई को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। लंबे समय से इस फिल्म का इंतजार किया जा रहा था, क्योंकि इसमें पहली बार आलिया भट्ट को एक बड़े स्पाई-एक्शन अवतार में देखा जा रहा है। उनके साथ बॉबी देओल, अनिल कपूर और शारवरी वाघ भी अहम भूमिकाओं में हैं। रिलीज से पहले फिल्म के ट्रेलर और टीजर को दर्शकों का अच्छा रिस्पॉन्स मिला था, जबकि ऋतिक रोशन के कैमियो ने फिल्म को लेकर उत्सुकता और भी बढ़ा दी थी। अब फिल्म का पहला रिव्यू सामने आया है, जिसमें इसकी खूबियों और कमियों दोनों पर चर्चा की जा रही है।
फिल्म की शुरुआत कारगिल युद्ध की पृष्ठभूमि से होती है। शुरुआती घटनाओं में बॉबी देओल और अनिल कपूर एक बेहद गोपनीय मिशन का हिस्सा दिखाई देते हैं। इसी मिशन के दौरान ‘अल्फा सीरम’ नाम की एक विशेष परियोजना की नींव रखी जाती है। इस सीरम का उद्देश्य ऐसे सुपर सोल्जर्स तैयार करना है, जो किसी भी कठिन परिस्थिति में देश की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकें।
हालांकि कहानी एक अप्रत्याशित घटना के बाद नया मोड़ लेती है। इसके बाद फिल्म केवल स्पाई मिशन तक सीमित नहीं रहती, बल्कि बदले की भावना, पारिवारिक रिश्तों और देशभक्ति जैसे भावनात्मक पहलुओं पर भी केंद्रित हो जाती है। निर्देशक ने इन सभी तत्वों को जोड़कर एक बड़ी एक्शन एंटरटेनर बनाने की कोशिश की है।
फिल्म में आलिया भट्ट और शारवरी वाघ महत्वपूर्ण भूमिकाओं में नजर आती हैं। दोनों के किरदार कहानी को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाते हैं। वहीं बॉबी देओल मुख्य प्रतिद्वंद्वी के रूप में अपनी दमदार मौजूदगी दर्ज कराते हैं। अनिल कपूर भी अपने अनुभव और प्रभावशाली अभिनय से कई दृश्यों में अलग छाप छोड़ते हैं।
निर्देशक शिव रवैल ने फिल्म को बड़े पैमाने पर प्रस्तुत करने का प्रयास किया है। हाई-ऑक्टेन एक्शन सीक्वेंस, आधुनिक हथियार, स्पाई मिशन और शानदार विजुअल्स फिल्म की प्रमुख ताकत माने जा रहे हैं। कई एक्शन दृश्य बड़े पर्दे पर प्रभावशाली नजर आते हैं और दर्शकों को रोमांचित करने में सफल रहते हैं।
फिल्म के संगीत में पंजाबी बीट्स और बैकग्राउंड स्कोर का भी इस्तेमाल किया गया है, जो कई दृश्यों को ऊर्जा प्रदान करता है। इसके अलावा ऋतिक रोशन का कैमियो दर्शकों के लिए एक बड़ा सरप्राइज साबित होता है। उनका छोटा लेकिन प्रभावशाली स्क्रीन प्रेजेंस यशराज स्पाई यूनिवर्स की आगामी फिल्मों की ओर भी संकेत देता है।
हालांकि शुरुआती रिव्यू के अनुसार फिल्म की सबसे बड़ी कमजोरी इसकी कहानी और स्क्रीनप्ले मानी जा रही है। कई जगह कथानक काफी अनुमानित महसूस होता है, जबकि कुछ भावनात्मक दृश्य जरूरत से ज्यादा मेलोड्रामैटिक लगते हैं। यही कारण है कि फिल्म का प्रवाह बीच-बीच में धीमा पड़ता है और दर्शकों का जुड़ाव कमजोर होता दिखाई देता है।
अभिनय की बात करें तो बॉबी देओल एक बार फिर अपने गंभीर और प्रभावशाली अंदाज से प्रभावित करते हैं। खलनायक के रूप में उनका प्रदर्शन फिल्म की बड़ी ताकत माना जा रहा है। वहीं अनिल कपूर भी अपने किरदार में पूरी मजबूती के साथ नजर आते हैं और कई दृश्यों में प्रभाव छोड़ते हैं।
दूसरी ओर, आलिया भट्ट और शारवरी वाघ से दर्शकों को काफी उम्मीदें थीं। हालांकि शुरुआती समीक्षाओं के अनुसार दोनों कलाकार अपने किरदारों में पूरी तरह प्रभाव नहीं छोड़ पातीं। कुछ भावनात्मक और एक्शन दृश्यों में उनका प्रदर्शन अच्छा है, लेकिन पूरे समय वह दर्शकों पर वैसा असर नहीं छोड़ता जिसकी अपेक्षा की जा रही थी।
तकनीकी पक्ष की बात करें तो फिल्म की सिनेमैटोग्राफी, लोकेशन और एक्शन कोरियोग्राफी काफी मजबूत दिखाई देती है। वीएफएक्स और प्रोडक्शन वैल्यू भी बड़े बजट की झलक देते हैं। यही कारण है कि फिल्म विजुअली शानदार अनुभव देती है।
कुल मिलाकर ‘अल्फा’ एक ऐसी स्पाई-एक्शन फिल्म है, जिसमें दमदार स्टारकास्ट, शानदार एक्शन और बड़े स्तर का प्रोडक्शन देखने को मिलता है। लेकिन कहानी और स्क्रीनप्ले की कमजोरियां इसे पूरी तरह यादगार बनने से रोकती हैं। यदि आप हाई-ऑक्टेन एक्शन, बड़े स्टार्स और स्पाई थ्रिलर पसंद करते हैं तो यह फिल्म आपको मनोरंजन दे सकती है। वहीं मजबूत कहानी की उम्मीद रखने वाले दर्शकों को यह फिल्म मिश्रित अनुभव दे सकती है।

